
डिजिटल डेस्क/ सत्य का सामना/ हिंदू धर्म में नवरात्रि का विशेष महत्व है। पंचांग के मुताबिक साल में कुल 4 नवरात्रि पड़ती है, जिसमें दो गुप्त नवरात्रि और दो चैत्र और शारदीय नवरात्रि होती है। गृहस्थ लोगों के लिए चैत्र और शारदीय नवरात्रि काफी खास होती है। इस दौरान मां दुर्गा और उनके नौ स्वरूपों की विधिवत पूजा करने का विधान है। आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि के साथ शारदीय नवरात्रि आरंभ हो चुकी है, जो दशमी तिथि को व्रत का पारण करने के साथ समाप्त होगी। बता दें कि इस साल शारदीय नवरात्रि 9 नहीं बल्कि पूरे 10 दिनों की पड़ रही है। इस कारण इस साल तृतीया तिथि एक नहीं बल्कि दो दिन पड़ेगी। ऐसे में मां दुर्गा के तीसरे स्वरूप मां चंद्रघंटा की पूजा दो दिनों तक की जाएगी। ऐसा संयोग कई सालों के बाद बन रहा है। आइए जानते हैं शारदीय नवरात्रि 10 दिन होने का कारण और तृतीया तिथि के दौरान मां चंद्रघंटा को कैसे करें प्रसन्न…

10 दिन की होगी शारदीय नवरात्रि
बता दें कि इस साल शारदीय नवरात्रि पूरे 10 दिनों की होगी, जो दशहरा के साथ समाप्त होगी। ज्योतिषियों के अनुसार, ऐसा संयोग 1998 में बना था। उस समय चतुर्थी तिथि दो दिनों तक थी । जिसके कारण मां कूष्मांडा की पूजा दो दिनों तक की गई थी।
तिथि
22 सितंबर 2025 नवरात्र पहला दिन – मां शैलपुत्री
23 सितंबर 2025 नवरात्र दूसरा दिन – मां ब्रह्मचारिणी
24 सितंबर 2025 नवरात्र तीसरे दिन – मां चंद्रघंटा
25 सितंबर 2025 नवरात्रि तीसरे दिन – मां चंद्रघंटा
26 सितंबर 2025 नवरात्रि चौथा दिन – मां कूष्माण्डा
27 सितंबर 2025 नवरात्रि पांचवां दिन – मां स्कंदमाता
28 सितंबर 2025 नवरात्रि छठा दिन – मां कात्यायनी
29 सितंबर 2025 नवरात्रि सातवां दिन – मां कालरात्रि
30 सितंबर 2025 नवरात्रि आठवा दिन – मां महागौरी/ सिद्धिदात्री
01 अक्टूबर 2025 नवरात्रि नौवां मां सिद्धिदात्री
