सत्य का सामना/ सोशल मिडिया में हर जगह विवेक और संजना की चर्चा हो रही है , सोशल मिडिया यूजर्स दोनो की तारीफ कर रहे है ।

विवेक को ब्रेन कैंसर था स्टेज 1 से ही संजना विवेक की ढाल बनकर उसके साथ खड़ी रहीं। दोनो ने मिलकर एक साथ कैंसर से लडने की ठान ली थी लेकिन होनी को कुछ और ही मंजूर था और अंत में कैंसर की जीत हुई , लेकिन संजना का प्यार जीत गया कैसे उसने विवेक के लिए अपना समर्पण दिखाया आखिरी तक तक विवेक के लिए लड़ती रही , दोनो का प्यार जीत गया , संजना पुरे भारत में सबके लिए मिशाल बन गई है ….


