रायपुर /सत्य का सामना / छत्तीसगढ़ साजा विधानसभा से विधायक ईश्वर साहू के पीए, पीएसओ, और कंप्यूटर ऑपरेटर के द्वारा स्वेच्छानुदान अनुदान राशि में अपने रिश्तेदारों में बंदरबाट का आरोप लगा है।

आरोप है की विधायक की सुरक्षा, विधायक के कार्य का दायित्व और कार्यालय के देख रेख करने वाले तीनो ने मिलकर स्वेच्छानुदान राशियों का अपने खास रिश्तेदारों में बंदरबाट किया है….

आमतौर पर स्वेच्छानुदान आम जनता के जरुरत और संस्था अत्यंत महत्पूर्ण कार्यों के लिए दिया जाता है जिनमे जहाँ एक हजार से पांच हजार तक की राशि दी जाती है और आवश्यकतानुसार यह राशि बढ़ भी जाती है लेकिन यहाँ पे इन राशियों का दुरूपयोग करते हुए दस हजार से चालीस हजार की राशियों का आवंटन किया गया है,…..
सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) से जारी स्वेच्छा अनुदान नियम 2019 के अनुसार मुख्यमंत्री और मंत्री इस मद से न्यूनतम दो हजार रुपये स्वीकृत कर सकते हैं। वहीं, मुख्यमंत्री किसी एक व्यक्ति या संस्था को अधिकतम पांच लाख रुपये जबकि मंत्री 40 हजार रुपयेे तक दे सकते हैंं।
